लिंगानुपात में रोहतक का गांव भैणी चंद्रपाल रहा बेस्ट विलेज

- सरकार द्वारा लिंगानुपात बढ़ाने के उद्देश्य से दिया जाता है बेस्ट विलेज अवार्ड

 26
लिंगानुपात में रोहतक का गांव भैणी चंद्रपाल रहा बेस्ट विलेज

लिंगानुपात में रोहतक का गांव भैणी चंद्रपाल रहा बेस्ट विलेज

लिंगानुपात सुधारने में सभी नागरिक दें योगदान : धर्मेंद्र सिंह

- जिला में सर्वाधिक लिंगानुपात के गांव को बेस्ट विलेज अवार्ड के तहत दी जाती है डेढ लाख रुपए की राशि

- गांव की 10वीं कक्षा की तीन छात्राओं को वितरित किए गए डेढ लाख रुपए के चेक

- सरकार द्वारा लिंगानुपात बढ़ाने के उद्देश्य से दिया जाता है बेस्ट विलेज अवार्ड

टीएचटी न्यूज, रोहतक :

उपायुक्त धर्मेंद्र सिंह ने कहा कि जिलावासी, पंचायतीराज संस्थाओं के जनप्रतिनिधि तथा स्वास्थ्य व महिला बाल विकास विभाग के कार्यकर्ता जिला के लिंगानुपात को बढ़ाने की दिशा में कार्य करें। उन्होंने वर्ष 2023 में सर्वाधिक लिंगानुपात वाले गांव भैणी चंद्रपाल को बेस्ट विलेज अवार्ड के तौर पर गांव की 10वीं कक्षा की प्रथम, द्वितीय व तृतीय स्थान पर रहने वाली छात्राओं को एक लाख 50 हजार रुपए के चेक वितरित किए। उन्होंने ग्राम पंचायत के सरपंच व पंचों, स्वास्थ्य व महिला बाल विकास विभाग के कार्यकर्ताओं को प्रशंसा पत्र भेंट कर सम्मानित किया।

धर्मेंद्र सिंह स्थानीय जिला विकास भवन स्थित डीआरडीए सभागार में बेस्ट विलेज अवार्ड के सम्मान समारोह में बतौर मुख्यातिथि उपस्थितगण को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा जिला स्तर पर सबसे ज्यादा लिंगानुपात वाले ऐसे गांव को डेढ लाख रुपए की राशि पुरुस्कार के रूप में दी जाती है, जिसकी जनसंख्या 5 हजार से अधिक हो। उन्होंने वर्ष 2023 के लिए 1243 लिंगानुपात वाले गांव भैणी चंद्रपाल को डेढ लाख रुपए की राशि के चेक वितरित किए। भैणी चंद्रपाल गांव की संख्या 6090 थी तथा वर्ष 2023 के दौरान जनवरी से दिसंबर तक 41 लडक़े एवं 51 लड़कियों ने जन्म लिया। वर्ष 2023 में गांव का लिंगानुपात 1243 दर्ज किया गया, जो जिला में प्रथम स्थान पर रहा। यह राशि संबंधित वर्ष में 10वीं कक्षा में प्रथम स्थान, द्वितीय व तृतीय स्थान पर रहने वाली छात्राओं को दी गई।

उपायुक्त धर्मेंद्र सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा प्रदेश के लिंगानुपात को सुधारने के दृष्टिगत पानीपत से 22 जनवरी 2015 को बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ राष्ट्रीय कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया था, जिसके तहत विभिन्न स्तरों पर निगरानी को बढ़ाया गया। इस कार्यक्रम के बेहतर क्रियान्वयन के परिणाम स्वरूप प्रदेश में लिंगानुपात में काफी वृद्धि दर्ज की गई। उन्होंने कहा कि गर्भवती महिलाओं का जल्दी पंजीकरण कर निगरानी रखी जाती है। उन्होंने स्वास्थ्य तथा महिला एवं बाल विकास विभाग की कार्यकर्ताओं को भी प्रशंसा पत्र देकर सम्मानित किया गया।

बेस्ट विलेज अवार्ड को दी जाती है डेढ लाख रुपए की राशि :- सिविल सर्जन

सिविल सर्जन डॉ. रमेश चंद्र ने कहा कि उपायुक्त को पौधा भेंट कर सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि बेस्ट विलेज अवार्ड के तौर पर जिला में सबसे ज्यादा लिंगानुपात वाले गांव में 10वीं कक्षा में प्रथम, द्वितीय व तृतीय स्थान पर रहने वाली छात्राओं को क्रमश: 75 हजार, 45 हजार तथा 30 हजार रुपए की राशि प्रदान की जाती है ताकि अन्य गांवों को प्रोत्साहन मिले। प्रसव पूर्व लिंग जांच व कन्या भ्रूण हत्या की सही जानकारी देने वाले व्यक्ति को स्वास्थ्य विभाग द्वारा एक लाख रुपए का ईनाम दिया जाता है तथा पहचान भी गुप्त रखी जाती है। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग द्वारा सभी 12 एमटीपी केंद्रों व सभी अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर निरंतर निगरानी रखी जाती है। उन्होंने आश्वासन दिया कि वे जिला के लिंगानुपात को सुधारने के लिए सभी आवश्यक कदम उठा रहे है। जिला में पीएनडीटी के तहत 11 एफआईआर भी दर्ज की गई है। विभाग द्वारा एक या दो लड़कियों की गर्भवती माता की निगरानी के लिए सहेली के तौर पर आशा/आंगनवाडी कार्यकर्ता को तैनात किया जाता है।

उपस्थितगण को बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ की दिलवाई शपथ :-

डॉ. विश्वजीत ने उपस्थिगण को बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ की शपथ दिलवाई। उन्होंने बेटी के प्रति किसी भी प्रकार का भेद-भाव न करने, भ्रूण लिंग जांच न खुद करवाने और न ही किसी को प्रोत्साहित करने, ऐसी किसी भी सूचना को स्वास्थ्य विभाग से सांझा करने, गांव और अपने-आसपास बेटियों और बहनों को आगे बढ़ने के अवसर देने का वातावरण बनाने और महिलाओं के विरुद्ध होने वाले किसी भी अपराध को रोकने का यथासंभव प्रयास करने की शपथ दिलवाई।

इन्हें किया गया सम्मानित :-

उपायुक्त धर्मेंद्र सिंह ने भैणी चंद्रपाल की तीन छात्राओं को डेढ लाख रुपए के चेक वितरित किए, जिन्होंने शैक्षणिक स्तर 2022-23 में 10वीं कक्षा में उच्च स्थान प्राप्त किया था। प्रथम स्थान प्राप्त करने वाली छात्रा पायल पुत्री अजमेर को 75 हजार रुपए, द्वितीय स्थान प्राप्त करने वाली छात्रा आरती पुत्री राजपाल को 45 हजार रुपए तथा तृतीय स्थान प्राप्त करने वाली छात्रा वर्षा पुत्री पप्पू को 30 हजार रुपए के चेक वितरित किए गए। लाखनमाजरा के वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी डॉ. रणवीर सिंह, राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय की प्राचार्या डॉ. पूनम वर्मा, चिकित्सा अधिकारी डॉ. मोहित गिल के अलावा गांव के सरपंच शिवराम, पंच राजबीर सिंह, मनीषा, राजसिंह संगीता, यशवीर सिंह, रिंकू रानी, कुलवीर सिंह, रीना, बंटी, लक्ष्मी, राजेंद्र सिंह, पूजा, राजबाला, लक्ष्मी, कर्मवीर सिंह व राजकुमार को प्रशंसा पत्र देकर सम्मानित किया गया।

ये रहे मौजूद

स्वास्थ्य विभाग के एमपीएचएस देवेंद्र कुमार, एलएचवी राजकुमारी, एमपीएचडब्ल्यू महेंद्रपाल सिंह, एमपीएचडब्ल्यू नरेश कुमारी व ज्योति, आशा कार्यकर्ता अमिता, रेखा, सुदेश, कविता, राजेश, प्रवीन तथा आंगनवाड़ी कार्यकर्ता ऊषा, कमला, प्रोमिला, राजबाला, बिमला, कलावती व संतोष को भी प्रशंसा पत्र देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर उपसिविल सर्जन डॉ. सुनीता धानिया, पीएनडीटी के नोडल अधिकारी डा. विश्वजीत, विभाग के जिला परिवार कल्याण अधिकारी सुरेश भारद्वाज सहित ग्राम पंचायत के सरपंच व पंच, आशा कार्यकर्ता, आंनवाडी कार्यकर्ता मौजूद रही।

-------------