हरियाणा के अस्पतालों में सुनिश्चित होगी डाक्टरों की सुरक्षा:सिक्योरिटी कमेटियों का होगा गठन, 24 घंटे काम करेगी नई प्रणाली

हरियाणा में सरकारी अस्पतालों में कार्यरत डॉक्टरों की सुरक्षा को लेकर स्वास्थ्य विभाग ने महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। स्वास्थ्य महानिदेशक ने सभी जिला चिकित्सा अधिकारियों को तुरंत प्रभाव से निर्देशों को लागू करने के आदेश दिए हैं। इन निर्देशों के अनुसार, सरकारी अस्पतालों में डॉक्टरों के साथ होने वाली बदसलूकी के मामलों में कड़े कानून लागू किए जाएंगे। अस्पतालों में हिंदी और अंग्रेज़ी दोनों भाषाओं में इन कानूनों की जानकारी उपलब्ध करवाई जाएगी, जिसमें बदसलूकी करने पर लगने वाली धाराएं, जुर्माना और सजा का विवरण होगा। सुरक्षा प्रबंधों की होगी समीक्षा इसके अलावा, अस्पतालों में सिक्योरिटी समितियों का गठन किया जाएगा, जिसमें वरिष्ठ डॉक्टर और प्रशासनिक अधिकारी सदस्य होंगे। ये समितियां समय-समय पर सुरक्षा प्रबंधों की समीक्षा करेंगी और आवश्यक सुधार के सुझाव देंगी। अस्पतालों में आने वाले आम आदमी और मरीजों के परिजनों के लिए विजिटर पास पॉलिसी का सख्ती से पालन किया जाएगा। रात के समय काम करने वाले डॉक्टरों और नर्सों को अस्पताल के विभिन्न ब्लॉकों में आने-जाने पर सुरक्षा उपलब्ध कराई जाएगी। नर्सिंग ब्लाक में होगी लाइट की व्यवस्था अस्पतालों के सभी भवनों, रेजिडेंशियल ब्लॉक और नर्सिंग ब्लॉक आदि में लाइट की पूरी व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी। इसके साथ ही, सुरक्षा के लिए एक ऐसी प्रणाली बनाई जाएगी जो 24 घंटे कार्य करेगी और नजदीकी पुलिस स्टेशन से लगातार संपर्क में रहेगी। स्वास्थ्य विभाग ने सभी अस्पतालों में यौन उत्पीड़न कमेटियों के गठन के निर्देश भी दिए हैं। साथ ही, अस्पतालों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फंक्शनिंग सुनिश्चित की जाएगी, ताकि सुरक्षा में कोई चूक न हो। इन कदमों से हरियाणा के सरकारी अस्पतालों में डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने का प्रयास किया जा रहा है।

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हरियाणा के अस्पतालों में सुनिश्चित होगी डाक्टरों की सुरक्षा:सिक्योरिटी कमेटियों का होगा गठन, 24 घंटे काम करेगी नई प्रणाली
हरियाणा में सरकारी अस्पतालों में कार्यरत डॉक्टरों की सुरक्षा को लेकर स्वास्थ्य विभाग ने महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। स्वास्थ्य महानिदेशक ने सभी जिला चिकित्सा अधिकारियों को तुरंत प्रभाव से निर्देशों को लागू करने के आदेश दिए हैं। इन निर्देशों के अनुसार, सरकारी अस्पतालों में डॉक्टरों के साथ होने वाली बदसलूकी के मामलों में कड़े कानून लागू किए जाएंगे। अस्पतालों में हिंदी और अंग्रेज़ी दोनों भाषाओं में इन कानूनों की जानकारी उपलब्ध करवाई जाएगी, जिसमें बदसलूकी करने पर लगने वाली धाराएं, जुर्माना और सजा का विवरण होगा। सुरक्षा प्रबंधों की होगी समीक्षा इसके अलावा, अस्पतालों में सिक्योरिटी समितियों का गठन किया जाएगा, जिसमें वरिष्ठ डॉक्टर और प्रशासनिक अधिकारी सदस्य होंगे। ये समितियां समय-समय पर सुरक्षा प्रबंधों की समीक्षा करेंगी और आवश्यक सुधार के सुझाव देंगी। अस्पतालों में आने वाले आम आदमी और मरीजों के परिजनों के लिए विजिटर पास पॉलिसी का सख्ती से पालन किया जाएगा। रात के समय काम करने वाले डॉक्टरों और नर्सों को अस्पताल के विभिन्न ब्लॉकों में आने-जाने पर सुरक्षा उपलब्ध कराई जाएगी। नर्सिंग ब्लाक में होगी लाइट की व्यवस्था अस्पतालों के सभी भवनों, रेजिडेंशियल ब्लॉक और नर्सिंग ब्लॉक आदि में लाइट की पूरी व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी। इसके साथ ही, सुरक्षा के लिए एक ऐसी प्रणाली बनाई जाएगी जो 24 घंटे कार्य करेगी और नजदीकी पुलिस स्टेशन से लगातार संपर्क में रहेगी। स्वास्थ्य विभाग ने सभी अस्पतालों में यौन उत्पीड़न कमेटियों के गठन के निर्देश भी दिए हैं। साथ ही, अस्पतालों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फंक्शनिंग सुनिश्चित की जाएगी, ताकि सुरक्षा में कोई चूक न हो। इन कदमों से हरियाणा के सरकारी अस्पतालों में डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने का प्रयास किया जा रहा है।